पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना जिले में फाल्टा पुलिस थाने पर हुए हमले और टीएमसी नेता जहांगीर खान को छुड़ाने की कथित साजिश के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। इस मामले में फरार चल रही जहांगीर खान की पत्नी रेजिना बीबी को गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस का दावा है कि वह पूरे घटनाक्रम की प्रमुख साजिशकर्ताओं में शामिल थीं और हमले की योजना तैयार करने में उनकी अहम भूमिका थी। गिरफ्तारी के बाद उन्हें अदालत में पेश किए जाने की तैयारी की जा रही है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, रेजिना बीबी पिछले तीन दिनों से जांच एजेंसियों से बचने की कोशिश कर रही थीं। लगातार छापेमारी और खुफिया सूचनाओं के आधार पर राज्य पुलिस और केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (सीएपीएफ) की संयुक्त टीम ने उन्हें भारत-नेपाल सीमा के नजदीक स्थित एक ठिकाने से हिरासत में लिया। अधिकारियों का कहना है कि गिरफ्तारी के दौरान कई महत्वपूर्ण जानकारियां भी मिली हैं, जिनके आधार पर आगे की जांच को गति दी जाएगी।
जांच में सामने आया है कि फाल्टा पुलिस थाने पर हमला कोई अचानक हुई घटना नहीं थी, बल्कि इसके लिए पहले से योजना बनाई गई थी। पुलिस की प्रारंभिक रिपोर्ट के मुताबिक, एक गुप्त बैठक में हमले की रणनीति तैयार की गई थी। आरोप है कि इस बैठक को बुलाने और समर्थकों को संगठित करने में रेजिना बीबी की महत्वपूर्ण भूमिका थी। बैठक में कथित तौर पर यह तय किया गया था कि बड़ी संख्या में समर्थक एक निश्चित स्थान पर एकत्र होंगे और फिर संगठित तरीके से पुलिस थाने की ओर बढ़ेंगे।
पुलिस का दावा है कि हमले का मुख्य उद्देश्य गिरफ्तार टीएमसी नेता जहांगीर खान को पुलिस हिरासत से छुड़ाना था। इसके लिए समर्थकों को अलग-अलग जिम्मेदारियां सौंपी गई थीं। जांच एजेंसियां अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि इस योजना में और कौन-कौन लोग शामिल थे तथा पूरे अभियान को किस स्तर पर संचालित किया गया था। अधिकारियों का मानना है कि आने वाले दिनों में इस मामले में और गिरफ्तारियां हो सकती हैं।
इस मामले में जहांगीर खान की गिरफ्तारी पहले ही हो चुकी है। अब रेजिना बीबी के खिलाफ भी भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) 2023, आर्म्स एक्ट 1959 और एक्सप्लोसिव्स एक्ट 1884 की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस का कहना है कि उपलब्ध साक्ष्यों और पूछताछ के आधार पर आगे और गंभीर धाराएं भी जोड़ी जा सकती हैं। अदालत से पुलिस रिमांड की मांग कर उनसे विस्तृत पूछताछ की जाएगी।
राज्य पुलिस के अनुसार, रेजिना बीबी की गिरफ्तारी के बाद इस पूरे मामले में गिरफ्तार लोगों की संख्या बढ़कर 26 हो गई है। जांच एजेंसियां हमले में शामिल अन्य संदिग्धों की पहचान करने और उनके नेटवर्क का पता लगाने में जुटी हैं। विभिन्न स्थानों पर छापेमारी अभियान भी जारी है ताकि घटना से जुड़े सभी लोगों को कानून के दायरे में लाया जा सके।
इस बीच राज्य सरकार ने भी घटना को बेहद गंभीर माना है। प्रशासन को निर्देश दिए गए हैं कि पुलिस थाने पर हमले और सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वाले लोगों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए। अधिकारियों का कहना है कि कानून व्यवस्था को चुनौती देने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और नुकसान की भरपाई के लिए भी आवश्यक कानूनी कदम उठाए जाएंगे।
फाल्टा थाना हमला मामला अब पश्चिम बंगाल की राजनीति और कानून-व्यवस्था से जुड़ा एक बड़ा मुद्दा बन गया है। रेजिना बीबी की गिरफ्तारी के बाद जांच एजेंसियों को उम्मीद है कि पूरे षड्यंत्र की परतें खुलेंगी और यह स्पष्ट हो सकेगा कि हमले की योजना किस तरह बनाई गई थी तथा इसमें किन-किन लोगों की भूमिका थी। पुलिस ने संकेत दिए हैं कि जांच अभी जारी है और आने वाले दिनों में कई अहम खुलासे हो सकते हैं।